
आरजीकर पीड़िता की मां चुनाव मैदान में, ली भाजपा की सदस्यता
संप्रदायिक पार्टी ने 25 मार्च को अपनी तीसरी उम्मीदवार सूची जारी की, अब तक 294 सदस्यीय विधानसभा के लिए 275 उम्मीदवारों का चयन कर लिया है...
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बुधवार (25 मार्च) को सभी अटकलों पर विराम लगाते हुए आधिकारिक तौर पर रत्ना देबनाथ को आगामी विधानसभा चुनावों के लिए उम्मीदवार घोषित कर दिया। रत्ना देबनाथ उस डॉक्टर छात्रा की मां हैं, जिसके साथ अगस्त 2024 में आर.जी. कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में दुष्कर्म के बाद हत्या कर दी गई थी।
वह दक्षिण बंगाल के नॉर्थ 24 परगना जिले के पनिहाटी से चुनाव लड़ेंगी, जो सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का गढ़ माना जाता है।
इन चुनावों में टीएमसी को सत्ता से हटाने की कोशिश में जुटी भाजपा ने 23 और 29 अप्रैल को होने वाले दो चरणों के चुनाव के लिए 19 उम्मीदवारों की सूची में रत्ना का नाम शामिल किया है। इसके साथ ही भाजपा अब तक 294 में से 274 सीटों पर अपने उम्मीदवार घोषित कर चुकी है, जबकि 19 सीटों पर घोषणा बाकी है। पुरुलिया जिले की एक सीट पर पार्टी ने टीएमसी विरोधी एक आदिवासी संगठन के उम्मीदवार को समर्थन देने का फैसला किया है।
रत्ना को उम्मीदवार बनाए जाने की घोषणा उस दिन भी हुई जब भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबिन कोलकाता में एक पार्टी कार्यक्रम को संबोधित करने पहुंचे थे।
पश्चिम बंगाल विधानसभा में कुल 294 सीटें हैं और सरकार बनाने के लिए किसी पार्टी या गठबंधन को 148 सीटों की आवश्यकता होती है।
अपनी बेटी की मृत्यु से शोकाकुल और परिवार के साथ कथित अन्याय से आहत रत्ना देबनाथ के चुनाव लड़ने को लेकर पहले से ही चर्चाएं चल रही थीं।
उन्होंने हाल ही में संवाददाताओं से कहा था कि वह भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने की इच्छुक हैं। राज्य भाजपा सूत्रों के अनुसार, उन्होंने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता भी ले ली थी। राज्य इकाई ने पहले ही स्पष्ट किया था कि उम्मीदवारों के चयन का अंतिम निर्णय नई दिल्ली स्थित पार्टी मुख्यालय द्वारा लिया जाता है। बुधवार को यह पुष्टि हो गई कि केंद्रीय नेतृत्व ने उनके नाम को मंजूरी दे दी है।
भाजपा की यह तीसरी सूची है, जिसमें कूचबिहार दक्षिण, रायगंज, इस्लामपुर, हेमताबाद, इंग्लिश बाजार, शांतिपुर, हावड़ा मध्य, उत्तरपाड़ा, चंदननगर, चुंचुरा, तमलुक, हरिपाल सहित राज्य के कई निर्वाचन क्षेत्रों के उम्मीदवारों के नाम शामिल हैं।
इसके अलावा, हुगली जिले के सिंगुर से अरुप कुमार दास को पार्टी का उम्मीदवार बनाया गया है। कोलकाता से सटे इस क्षेत्र का राजनीतिक महत्व इसलिए भी रहा है क्योंकि करीब दो दशक पहले यहां टाटा की छोटी कार फैक्ट्री स्थापित करने को लेकर बड़ा विवाद हुआ था, जब राज्य में वाम दलों की सरकार थी।

