घर में फटा गीजर, निजामुद्दीन दरगाह के सज्जादनशीं मोहम्मद निजामी की मौत
x

घर में फटा गीजर, निजामुद्दीन दरगाह के सज्जादनशीं मोहम्मद निजामी की मौत

हजरत निजामुद्दीन दरगाह के सज्जादनशीं सैयद मोहम्मद निजामी का दुखद इंतकाल। बाथरूम में गीजर फटने से हुआ हादसा, पत्नी अस्पताल में भर्ती। देशभर में शोक की लहर।


Gyser Blast In Nizamuddin : दिल्ली की मशहूर सूफी दरगाह हजरत ख्वाजा निजामुद्दीन औलिया के सज्जादनशीं सैयद मोहम्मद निजामी का शनिवार शाम एक दुखद हादसे में निधन हो गया। यह हादसा उनके घर के बाथरूम में गीजर फटने (Geyser Blast) की वजह से हुआ। धमाका इतना जबरदस्त था कि बाथरूम में आग लग गई और जहरीला धुआं भर गया, जिससे दम घुटने के कारण 50 वर्षीय सैयद मोहम्मद निजामी की जान चली गई। इस हादसे में उनकी पत्नी फिदा निजामी (45) भी गंभीर रूप से घायल हुई हैं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। इस खबर के फैलते ही हजरत निजामुद्दीन इलाके में शोक की लहर दौड़ गई और देश-विदेश से उनके मुरीद और चाहने वाले अंतिम दर्शन के लिए दिल्ली पहुँचने लगे हैं। पुलिस और फायर विभाग मामले की जांच कर रहे हैं।


बाथरूम में धमाका और धुएं का गुबार: कैसे हुआ हादसा?
पुलिस और फायर विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, घटना शनिवार शाम करीब 5:00 बजे की है। सैयद मोहम्मद निजामी उस समय बाथरूम में मौजूद थे, तभी अचानक गीजर में जोरदार ब्लास्ट हुआ।

फायर विभाग की कार्रवाई: शाम 5:04 बजे सूचना मिलते ही दमकल की 5 गाड़ियाँ मौके पर पहुँचीं।

रेस्क्यू ऑपरेशन: एडिशनल डीसीपी ऐश्वर्या शर्मा ने बताया कि घर का दरवाजा अंदर से बंद था, जिसे तोड़कर पुलिस अंदर दाखिल हुई।

दम घुटने से मौत: बाथरूम में धुआं इतना अधिक था कि सैयद मोहम्मद निजामी बेसुध हो गए। उन्हें तुरंत मूलचंद अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनकी पत्नी अभी भी अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही हैं।

ख्वाजा हसन सानी निज़ामी के भतीजे थे सैयद मोहम्मद
सैयद मोहम्मद निजामी हजरत ख्वाजा निजामुद्दीन दरगाह की परंपराओं के रक्षक और ख्वाजा हसन सानी निज़ामी के भतीजे थे। सूफीवाद के क्षेत्र में उनकी गहरी पैठ थी और देशभर में उनके हजारों मुरीद (अनुयायी) हैं। आंध्र प्रदेश से दिल्ली पहुँचे उनके एक मुरीद खालिद निजामी ने भावुक होते हुए कहा, "यह हमारे लिए अपूर्णीय क्षति है। वह न केवल एक आध्यात्मिक गुरु थे, बल्कि शांति और भाईचारे के प्रतीक थे। सब कुछ इतनी जल्दी हुआ कि किसी को संभलने का मौका भी नहीं मिला।"

अंतिम दर्शन के लिए उमड़ा जनसैलाब
रविवार सुबह से ही निजामुद्दीन इलाके में उनके चाहने वालों की भारी भीड़ जमा होने लगी है। मुरीदों की संख्या को देखते हुए इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। देश के अलग-अलग राज्यों के अलावा विदेशों से भी उनके अनुयायी अंतिम विदाई देने के लिए पहुँच रहे हैं। दरगाह कमेटी और स्थानीय प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।

गीजर ब्लास्ट: सुरक्षा को लेकर बड़ी चेतावनी
इस दर्दनाक हादसे ने सर्दियों में गीजर के इस्तेमाल को लेकर एक बार फिर सुरक्षा के सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि गीजर में ऑटो-कट सिस्टम खराब होने या लंबे समय तक चालू रहने से प्रेशर बढ़ जाता है, जो धमाके का कारण बन सकता है। पुलिस इस मामले में 'इलेक्ट्रॉनिक गैजेट' की तकनीकी खराबी की जांच कर रही है ताकि हादसे की सटीक वजह का पता चल सके।


Read More
Next Story