भारत में 140 करोड़ क्रिकेट एक्सपर्ट, गौतम गंभीर पर अटकलों पर BCCI का जवाब
x

भारत में 140 करोड़ क्रिकेट एक्सपर्ट, गौतम गंभीर पर अटकलों पर BCCI का जवाब

गौतम गंभीर के कार्यकाल में टेस्ट-वनडे में टीम कमजोर रही, टी20 में सफलता, बीसीसीआई ने निर्णय कमिटी को जिम्मेदारी दी, अटकलों पर टिप्पणी की।


Click the Play button to hear this message in audio format

भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर के कार्यकाल में टीम के प्रदर्शन को लेकर लगातार चर्चा और अटकलें चल रही हैं। उनके कार्यकाल में टीम ने टेस्ट और वनडे फॉर्मेट में कमजोर प्रदर्शन किया है।

टेस्ट और वनडे में निराशाजनक प्रदर्शन

गौतम गंभीर के कार्यकाल में भारत की टेस्ट टीम ने घरेलू मैदान पर भी जीत का रुख नहीं दिखाया। पहले न्यूजीलैंड ने भारत को होम सीरीज में शिकस्त दी और बाद में दक्षिण अफ्रीका ने भी ऐसा ही किया। इन दोनों सीरीज में भारत एक भी टेस्ट नहीं जीत पाया, और ड्रॉ तक नहीं कर सका।वनडे सीरीज में भी न्यूजीलैंड की कम अनुभवी टीम ने भारत को उसी के घर में मात दी।

टी20 में सफलता

हालांकि, गौतम गंभीर के कोचिंग कार्यकाल में टीम टी20 इंटरनेशनल में सफलता के झंडे गाड़ रही है। इसी कारण कई अटकलें लगाई जा रही हैं कि गंभीर का कार्यभार सीमित ओवरों तक सीमित रह सकता है और टेस्ट टीम के लिए अलग कोच नियुक्त किया जा सकता है।

बीसीसीआई सचिव का बयान

इन अटकलों पर बीसीसीआई के सचिव देवजीत सैकिया ने टिप्पणी की। स्पोर्टस्टार को दिए इंटरव्यू में सैकिया ने कहा, “लोग अपनी राय रखने के लिए स्वतंत्र हैं। भारत 140 करोड़ का देश है और हर किसी के पास अपनी राय होती है। मीडिया और सोशल मीडिया पर लोग अपनी राय व्यक्त करते हैं। लेकिन बीसीसीआई में इस बारे में निर्णय लेने के लिए सक्षम लोग मौजूद हैं।

सैकिया ने आगे बताया कि बीसीसीआई में निर्णय लेने वाली क्रिकेट कमिटी में पूर्व क्रिकेटर शामिल हैं, जो समर्पित होकर सभी फैसले लेते हैं। टीम चयन के लिए पांच चयनकर्ता हैं, जो निर्णायक फैसले लेने में सक्षम हैं। “अंतिम फैसला हमेशा क्रिकेट कमिटी और चयनकर्ताओं द्वारा लिया जाता है। सभी रायों पर विचार किया जाता है, लेकिन अंतिम निर्णय उनका होता है।”

टी20 वर्ल्ड कप और आलोचना

पूर्व क्रिकेटर मनोज तिवारी ने कहा था कि यदि भारत टी20 वर्ल्ड कप 2026 नहीं जीतता है तो गौतम गंभीर को हेड कोच पद से हटाना चाहिए। तिवारी गौतम गंभीर के कट्टर आलोचक माने जाते हैं और लगातार उनके कार्यकाल पर सवाल उठाते रहे हैं।

Read More
Next Story