
नीतीश के बेटे की राजनीति में औपचारिक एंट्री का एलान, 7 मार्च को जेडीयू जॉइन करेंगे निशांत
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के राजनीति में आने का औपचारिक ऐलान हो गया है। शनिवार 7 मार्च को वे जनता दल यूनाइटेड की सदस्यता लेंगे। जेडीयू जॉइन करने के बाद वे बिहार में यात्रा भी निकालेंगे।
बिहार की राजनीति में एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के सक्रिय राजनीति में आने की औपचारिक घोषणा कर दी गई है। निशांत कुमार शनिवार, 7 मार्च को जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) की सदस्यता लेंगे। इसके बाद वे बिहार के विभिन्न हिस्सों की यात्रा पर भी निकलेंगे।
इस संबंध में फैसला पटना के एक अणे मार्ग स्थित मुख्यमंत्री आवास पर नीतीश कुमार की मौजूदगी में हुई जेडीयू विधान मंडल दल की बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया। बैठक में पार्टी के सभी विधायक, एमएलसी, सांसद, मंत्री और वरिष्ठ नेता शामिल हुए।
यह बैठक नीतीश कुमार द्वारा राज्यसभा जाने के ऐलान के बाद शुक्रवार शाम को बुलाई गई थी। करीब एक घंटे तक चली बैठक के बाद जेडीयू के प्रवक्ता नीरज कुमार ने बताया कि सभी नेताओं ने नीतीश कुमार के फैसले पर सहमति जताई। उन्होंने कहा कि बैठक के दौरान विधायकों की ओर से नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को राजनीति में लाने की मांग रखी गई।
इसके बाद जेडीयू के कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने घोषणा की कि निशांत कुमार शनिवार को पार्टी की सदस्यता ग्रहण करेंगे। इस प्रस्ताव पर मौजूद सभी विधायकों और सांसदों ने सहमति जताई।
बैठक के दौरान कई विधायक और मंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के फैसले पर भावुक भी नजर आए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के इस फैसले से आम जनता भी भावुक है, हालांकि सभी नेताओं ने यह भी स्पष्ट किया कि वे नीतीश कुमार के निर्णय के साथ खड़े हैं।
बैठक में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को भरोसा दिलाया कि वे चिंता न करें। उन्होंने कहा कि दिल्ली में रहने के बावजूद वे बिहार से जुड़े रहेंगे और हर कदम पर पार्टी के साथ खड़े रहेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि पार्टी नेताओं को कभी उनकी कमी महसूस नहीं होगी।
गौरतलब है कि नीतीश कुमार ने बिहार की सक्रिय राजनीति छोड़कर केंद्र की राजनीति में जाने का फैसला लिया है। इसी क्रम में उन्होंने गुरुवार को राज्यसभा चुनाव के लिए अपना नामांकन भी दाखिल किया। उनके राज्यसभा सदस्य बनने के बाद बिहार में नए सिरे से सरकार का गठन होगा और राज्य को नया मुख्यमंत्री मिलेगा।
इस बीच केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने बैठक से पहले मीडिया से बातचीत में कहा कि बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा, इसका फैसला नीतीश कुमार ही करेंगे। उनकी इच्छा के बिना बिहार में कोई निर्णय नहीं लिया जाएगा। हालांकि राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि राज्य का अगला मुख्यमंत्री भारतीय जनता पार्टी से हो सकता है।

