
राबड़ी देवी ने सम्राट चौधरी से मांगा इस्तीफा, छात्रा की मौत पर छिड़ा संग्राम
पटना में एक छात्रा की संदिग्ध मौत के बाद गरमाई बिहार की राजनीति। राबड़ी देवी ने इस मामले में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से इस्तीफे की मांग की है।
Rabri Devi Demanded Resignation from Samrat Choudhary: बिहार की राजनीति इन दिनों गरमाई हुई है। राज्य की विधानसभा और विधान परिषद दोनों ही सदनों में कार्यवाही चल रही है, लेकिन कानून-व्यवस्था का मुद्दा सबसे बड़ा विवाद बन गया है। विपक्ष राज्य सरकार पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने में नाकाम रहने का आरोप लगा रहा है। सदन के अंदर भी हंगामा हो रहा है और बाहर भी विरोध प्रदर्शन तेज हो गए हैं। इसी बीच शुक्रवार को बिहार विधानसभा के बाहर विपक्षी नेताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन का नेतृत्व पूर्व मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) की वरिष्ठ नेता राबड़ी देवी ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने राज्य सरकार के खिलाफ नारे लगाए और पटना के फुलवारी शरीफ इलाके में एक छात्रा की संदिग्ध मौत को लेकर सरकार को घेरा।
विपक्ष का आरोप है कि राज्य में महिलाओं की सुरक्षा पूरी तरह से खतरे में है। मीडिया से बात करते हुए राबड़ी देवी ने कहा कि छात्रा को इमारत की छत से नीचे फेंका गया। उन्होंने इस घटना को बेहद गंभीर बताते हुए दोषियों के खिलाफ तुरंत और सख्त कार्रवाई की मांग की।
राबड़ी देवी ने मांगा सम्राट चौधरी का इस्तीफा
राबड़ी देवी ने इस मामले में राज्य के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सम्राट चौधरी ने पहले बयान दिया था कि 24 घंटे के अंदर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा, नहीं तो वे अपने पद से इस्तीफा दे देंगे। राबड़ी देवी ने सवाल उठाया कि अब तक कोई इस्तीफा क्यों नहीं आया? उन्होंने कहा, 'हर दिन अपराध हो रहे हैं। बेटियों के साथ दुष्कर्म हो रहा है, उनका अपहरण और हत्या की जा रही है। आखिर इन घटनाओं को कौन रोकेगा?' राबड़ी देवी ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार अपराध रोकने में पूरी तरह असफल साबित हो रही है।
इसी मुद्दे पर सदन के अंदर भी तीखी बहस देखने को मिली। राजद के वरिष्ठ नेता अब्दुल बारी सिद्दीकी ने सरकार पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने सरकार की नाकामी को उजागर कर दिया है। उन्होंने 'राम राज्य'और 'जंगल राज' की बहस का जिक्र करते हुए कहा कि अगर अपराध लगातार बढ़ रहे हैं, तो फिर सरकार किस बात का दावा कर रही है? सिद्दीकी ने कहा कि बिहार में हत्या, लूट, डकैती और चोरी की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हैं। अपराधियों पर कोई नियंत्रण नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पूरी तरह विफल रही है।
विपक्ष के आरोपों पर सरकार की ओर से भी जवाब दिया गया। बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी ने राबड़ी देवी के बयान को खारिज करते हुए कहा कि उनकी इच्छा से राज्य सरकार नहीं चलेगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। अशोक चौधरी ने यह भी आरोप लगाया कि जब लालू प्रसाद यादव के नेतृत्व में सरकार थी, तब बिहार में शासन व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई थी। उन्होंने दावा किया कि उस समय डॉक्टर और इंजीनियर जैसे पेशेवर लोग राज्य छोड़कर चले गए थे।
मंत्री ने यह भी कहा कि किसी के कहने से न तो उनकी मृत्यु होगी और न ही उपमुख्यमंत्री को हटाया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान सरकार स्थिर है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार काम कर रही है। फिलहाल, बिहार की राजनीति में कानून-व्यवस्था का मुद्दा सबसे बड़ा टकराव बन चुका है। एक ओर विपक्ष सरकार पर लगातार हमले कर रहा है, तो दूसरी ओर सत्तारूढ़ दल अपने काम का बचाव कर रहा है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा और ज्यादा गर्मा सकता है।

