
यूपी में मतदाता सूची पुनरीक्षण तेज, 10 अप्रैल को अंतिम सूची
यूपी में SIR प्रक्रिया के तहत दावे-आपत्तियों का निस्तारण 27 मार्च तक होगा। लाखों आवेदन आए हैं और 10 अप्रैल को राज्य की अंतिम मतदाता सूची जारी की जाएगी।
उत्तर प्रदेश में चल रही विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया को लेकर मुख्य निर्वाचन अधिकारी (CEO) कार्यालय ने अहम जानकारी साझा की है। दावे और आपत्तियां दाखिल करने की अंतिम तिथि 6 मार्च थी और फिलहाल इसे आगे बढ़ाने का कोई फैसला नहीं लिया गया है। अब तक प्राप्त सभी दावों और आपत्तियों का निस्तारण 27 मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा, जिसके बाद 10 अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।
राज्य में 6 जनवरी को जारी ड्राफ्ट मतदाता सूची में कुल 12 करोड़ 55 लाख 56 हजार 25 मतदाताओं के नाम शामिल थे। सत्यापन और सुनवाई की प्रक्रिया को मजबूत बनाने के लिए चुनाव आयोग ने 3.26 करोड़ मतदाताओं को नोटिस जारी किए थे, जिनमें से करीब 93.8 प्रतिशत मतदाताओं तक नोटिस पहुंचा दिए गए हैं।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अनुसार, 6 मार्च तक लगभग 85.08 प्रतिशत नोटिसों की सुनवाई पूरी हो चुकी है, जबकि शेष 14.02 प्रतिशत मामलों का निस्तारण 27 मार्च तक कर दिया जाएगा। इन मामलों की सुनवाई के लिए पूरे प्रदेश में 13,161 ERO और AERO अधिकारियों ने 5,621 स्थानों पर सुनवाई की।
मतदाता सूची में संशोधन के लिए भी बड़ी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं। 27 अक्टूबर से 6 मार्च के बीच कुल 86 लाख 69 हजार 73 फॉर्म-6 नए नाम जोड़ने के लिए भरे गए। वहीं 3 लाख 18 हजार 140 फॉर्म-7 नाम हटाने के लिए जमा किए गए। इसके अलावा 22 लाख 55 हजार 473 फॉर्म-8 नाम, पता और अन्य विवरणों में सुधार के लिए दाखिल किए गए।
इसी अवधि में अप्रवासी भारतीय मतदाताओं ने 4,540 फॉर्म-6A भी भरे। राजनीतिक दलों ने भी इस प्रक्रिया में भाग लिया। दलों के एजेंटों की ओर से 40,669 फॉर्म-6 नए नाम जोड़ने के लिए और 1,805 फॉर्म-7 नाम हटाने के लिए दाखिल किए गए।
चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, 27 अक्टूबर से 6 मार्च के बीच कुल 44,952 मतदाता नाम सूची से हटाए गए। इनमें 27,118 नाम स्थान परिवर्तन के कारण हटाए गए, 10,014 लोगों ने स्वयं आवेदन देकर अपना नाम हटवाया, जबकि शिकायत के आधार पर 7,820 नाम हटाए गए। इनमें 5,153 नाम मृत्यु के कारण हटाए गए और 2,667 नाम फर्जी पाए जाने पर सूची से काटे गए।
SIR प्रक्रिया के दौरान राजनीतिक दलों की ओर से कुल 92 शिकायतें दर्ज कराई गईं। इनमें समाजवादी पार्टी ने 78 और भारतीय जनता पार्टी ने 8 शिकायतें दर्ज कराईं। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि सभी शिकायतों का निस्तारण कर दिया गया है। तय कार्यक्रम के अनुसार शेष दावे और आपत्तियों का निस्तारण 27 मार्च तक पूरा होगा और 10 अप्रैल को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित कर दी जाएगी।

