
Imran Khan को बचाने के लिए आगे आए 14 कप्तान, कपिल देव और गावस्कर ने भी लगाई गुहार
14 दिग्गज क्रिकेट कप्तानों ने पाकिस्तान सरकार से अपील की है कि इमरान खान को जेल में उचित चिकित्सा सुविधा दी जाए। वो एक वर्ल्ड चैंपियन कप्तान के साथ-साथ पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री भी हैं।
Appeal For Imran Khan: पाकिस्तान के वर्ल्ड चैंपियन क्रिकेट कप्तान और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की जेल में स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर दुनिया के 14 दिग्गज क्रिकेट कप्तानों ने पाकिस्तान सरकार से चिंता जताई है। इस ग्रुप में भारतीय क्रिकेट के दिग्गज सुनील गावस्कर और कपिल देव भी शामिल हैं। इमरान खान ने बतौर कप्तान पाकिस्तान को साल 1992 में वनडे का वर्ल्ड कप जिताया था। क्रिकेट से संन्यास के बाद उन्होंने राजनीति का रुख किया और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री भी रहे।
इमरान खान 2023 से पाकिस्तान की जेल में हैं और उनके स्वास्थ्य के लगातार बिगड़ने की खबरें आ रही हैं। रिपोर्टों के अनुसार उन्हें आंख की रोशनी की कमी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इस स्थिति को देखते हुए इन 14 पूर्व कप्तानों ने एक संयुक्त पत्र में पाकिस्तान सरकार से अपील की है कि इमरान खान को उचित चिकित्सा सुविधा, उनके परिवार से नियमित संपर्क और निष्पक्ष कानूनी प्रक्रिया की सुविधा दी जाए।
पत्र में लिखा गया है: 'एक क्रिकेटर के रूप में हम खेल में न्याय, सम्मान और सम्मानजनक व्यवहार के महत्व को समझते हैं। इमरान खान जैसे व्यक्तित्व को एक पूर्व राष्ट्रीय नेता और वैश्विक खेल आइकन के तौर पर सम्मान और मानव अधिकार मिलना चाहिए।' पत्र में शामिल अन्य दिग्गज क्रिकेटर्स में ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान ग्रेग चैपल, एलन बॉर्डर, स्टीव वॉ, माइकल एथर्टन, माइकल ब्रेर्ली, इयान चैपल, बेलिंडा क्लार्क, डेविड गावर, किम ह्यूज, नासिर हुसैन, क्लाइव लॉयड और जॉन राइट शामिल हैं।
पत्र में कहा गया है कि इमरान खान ने 1992 में पाकिस्तान को विश्व कप जिताने में नेतृत्व और खेल भावना का अद्भुत उदाहरण पेश किया। 'हम में से कई लोग उनके खिलाफ खेले, उनके साथ खेले या उनके क्रिकेट कौशल और नेतृत्व से प्रेरित हुए। वह आज भी क्रिकेट के बेहतरीन ऑलराउंडरों और कप्तानों में गिने जाते हैं।' पत्र में आगे कहा गया है कि इमरान खान ने क्रिकेट के अलावा पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के रूप में भी देश की सेवा की। राजनीतिक मतभेदों से परे, उन्होंने अपने देश की सर्वोच्च सार्वजनिक सेवा की।
पूर्व कप्तानों ने इस अपील में जोर दिया कि क्रिकेट ने हमेशा देशों के बीच पुल का काम किया है। मैदान पर प्रतिस्पर्धा सीमित होती है, लेकिन सम्मान हमेशा बना रहता है। इमरान खान ने अपने करियर में इसी भावना को दर्शाया। उनके साथ उचित न्याय और सम्मान का व्यवहार करना अब सभी अधिकारियों की जिम्मेदारी है। पत्र के अनुसार यह अपील खेल भावना और मानवीय दृष्टिकोण से की गई है,और किसी भी कानूनी प्रक्रिया के निर्णय पर प्रभाव डालने का प्रयास नहीं है। इस अपील ने इमरान खान के स्वास्थ्य और जेल की स्थिति पर विश्व स्तर पर गंभीर चिंता पैदा कर दी है। इस कदम को क्रिकेट की सीमा से परे एक मानवाधिकार आंदोलन के रूप में भी देखा जा रहा है।

